Weather Updates: अगले तीन दिन इन राज्यों में बारिश और शीतलहर, यूपी और बिहार में जमकर पड़ेंगे ओले

When will there be relief from severe cold, where will it rain; IMD alerted

नई दिल्‍ली । मौसम विभाग ने आगामी चार दिनों को लेकर वैदर अपडेट जारी किया है। आईएमडी का कहना है कि 12 फरवरी को छत्तीसगढ़, ओडिशा, विदर्भ और पूर्वी मध्यप्रदेश में ओलावृष्टि हुई है।

13 से 15 फरवरी के बीच उत्तराखंड, जम्मू कश्मीर और हिमाचल के पहाड़ी इलाकों में शीतलहर और हल्की बारिश की संभावना है। वहीं, पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार और झारखंड में भारी ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की गई है।

मौसम विभाग का कहना है कि मध्य भारतीय राज्यों में 12 और 13 फरवरी को और पूर्वी राज्यों में 13 से 15 फरवरी के दौरान गरज के साथ हल्की और मध्यम बारिश होने की संभावना है। आईएमडी के मुताबिक, उत्तर पश्चिमी हिस्सों और में तापमान सामान्य से 2-4 डिग्री सेल्सियस नीचे रहने की संभावना है। इसलिए आगामी चार दिन हिमाचल, पंजाब, उत्तराखंड और जम्मू कश्मीर के पहाड़ी इलाकों में शीतलहर चल सकती है। यहां आज न्यूनतम तापमान 3.6 डिग्री दर्ज किया गया है।

एमपी, ओडिशा और विदर्भ में ओलावृष्टि

मौसम विभाग का कहना है कि 12 फरवरी के लिए पूर्वी मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, विदर्भ, मराठवाड़ा, ओडिशा में अलग-अलग स्थानों पर ओलावृष्टि दर्ज की गई। मराठवाड़ा, तेलंगाना, झारखंड के कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा भी हुई है।

इन राज्यों में बारिश की संभावना, यूपी में ओले

मौसम विभाग का कहना है कि 13 फरवरी को जम्मू-कश्मीर,हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी राजस्थान में हल्की बारिश की संभावना है। पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी भी हो सकती है।आईएमडी का कहना है कि एक ताज़ा पश्चिमी विक्षोभ के कारण हिमालयी राज्यों में 17 और 18 फरवरी को छिटपुट वर्षा और बर्फबारी होने की संभावना है। मौसम विभाग का कहना है कि 13 फरवरी को पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार और झारखंड में ओलावृष्टि हो सकती है।

वहीं, अगले 5 दिनों के दौरान उत्तर पश्चिम हिस्सों में न्यूनतम तापमान में 2-4 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि होने की संभावना है। पूर्वी भारत के कई हिस्सों में न्यूनतम तापमान में धीरे-धीरे 2-3 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि होने की भी संभावना है। अगले 2 दिन और उसके बाद कोई महत्वपूर्ण परिवर्तन नहीं दिख रहा है। इसके अलावा मध्य भारतीय हिस्सों में अगले पांच दिन न्यूनतम तापमान में कोई खास बदलाव की संभावना नहीं है।