interim budget 2024: सीनियर सिटीजन को ट्रेन टिकट पर मिलेगा 50% की छूट, नई रेल्‍वे कोरिडोर पर रहेगा फोकस

Budget 2024: सीनियर सिटीजन को ट्रेन टिकट पर मिलेगा 50% का डिस्काउंट! नई  ट्रेनों पर रहेगा फोकस | Moneycontrol Hindi

नई दिल्‍ली । रेल देश के लिए काफी अहम हिस्सा रखती है। यातायात के सुगम, सरल और किफायती साधनों की जब बात की जाती है तो उसमें रेलवे (Indian Railway) का नाम भी काफी आगे रहता है। वहीं अब देश में केंद्र सरकार की ओर से अंतरिम बजट 2024 (Budget 2024) पेश किया जाने वाला है।

केंद्र सरकार का भारतीय रेलवे पर काफी फोकस देखने को मिला है। ऐसे में उम्मीद जताई जा रही है कि केंद्र सरकार की ओर से इस बार के अंतरिम बजट में रेलवे के आवंटन को बढ़ाया जा सकता है। क्या इस बार बजट में सीनियर सिटीजन को ट्रेन टिकट की बुकिंग में कीमतों में 50 फीसदी की छूट देगी?

रेल बजट

वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी को बजट पेश करेंगी। इस बजट में कई मंत्रालयों का बजट आवंटन बढ़ाया जा सकता है। ऐसे में रेल मंत्रालय के बजट को भी बढ़ाया जा सकता है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक वित्तमंत्री Nirmala Sitharaman रेलवे का आवंटन बढ़ाकर 2.8 से 3 लाख करोड़ रुपये के बीच कर सकती हैं। पिछले साल बजट 2023 में वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने रेलवे के लिए 2.4 लाख करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया था। देश में रेलवे के इंफ्रास्ट्रक्चर को सुधारा जा रहा है और ये पैसा रेलवे के इंफ्रास्ट्रक्चर को बेहतर बनाने के लिए खर्च किया जा रहा है।

रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर

रेलवे सेक्टर से जुड़े एक्सपर्ट्स का कहना है कि सरकार का मोटिव रेलवे के इंफ्रास्ट्रक्चर को वर्ल्ड क्लास बनाने का है। इसके कारण ही सरकार की ओर से पिछले साल केंद्रीय बजट में रेलवे के लिए 2.4 लाख करोड़ रुपये का आवंटन किया गया था। साल 2013 में रेलवे को जितना बजट आवंटित किया गया था, उससे 9 गुना ज्यादा बजट आवंटन साल 2023 में किया गया था और यह रेलवे को किया गया अब तक का सबसे ज्यादा बजट आवंटन था। साल 2023 में किए गए बजट आवंटन में रेलवे के 2.4 लाख करोड़ रुपये में से 1.85 लाख करोड़ रुपये पूंजीगत खर्च के लिए था, जो कि इस बात की ओर इशारा करती है कि सरकार का ज्यादा फोकस रेल इंफ्रास्ट्रक्चर को बेहतर बनाने पर है। साथ ही सरकार की ओर से कई नई ट्रेनों का संचालन भी किया जा रहा है और यात्री सुविधाओं को बेहतर बनाने पर भी केंद्र सरकार का फोकस है।

वंदे भारत ट्रेन

सरकार की ओर से कई नई वंदे भारत ट्रेन भी शुरू की गई थीं। इसके साथ ही वंदे भारत की स्लीपर ट्रेनों की सेवाएं भी शुरू किए जाने की योजना है, जिससे ट्रेन की दूरी को और बढ़ाया जा सकेगा। इससे यात्रा का समय भी घटाया जा सकेगा। सरकार ने 500 से ज्यादा रेलवे स्टेशनों को आधुनिक बनाने का लक्ष्य रखा है। इसमें से अयोध्या, भोपाल, विशाखापत्तनम, वाराणसी सहित कई स्टेशनों को आधुनिक बनाने का काम पूरा हो चुका है। सरकार कुछ स्टेशनों पर एयरपोर्ट जैसी सुविधाएं यात्रियों को देना चाहती है।

रेलवे सेफ्टी

इसके साथ ही सरकार रेलवे हादसों को भी कम करना का प्रयास कर रही है और रेलवे सेफ्टी को लेकर नई तकनीक को भी अपना रही है। पिछले दो साल से रेलवे का सेफ्टी बजट 11,000 करोड़ रुपये बना हुआ है। वहीं माल ढुलाई से भी रेलवे को काफी कमाई होती है। ऐसे में सरकार माल ढुलाई में रेलवे की हिस्सेदारी बढ़ाना चाहती है। देखा जाए तो ईस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर बनकर तैयार हो चुका है। वेस्टर्स डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर जल्द बनकर तैयार हो जाएगा। इससे बहुत कम समय में माल की ढुलाई हो सकेगी। इससे रेलवे को माल ढुलाई में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने में मदद मिलेगी। ऐसे में सरकार केंद्रीय बजट में रेलवे का आवंटना बढ़ाकर रेलवे को ज्यादा सुविधाजनक बना सकती है।