ग्वालियर अंचल में कोरोना से घातक हुई ठंड; ब्रेन हेमरेज और हार्ट अटैक से लोगों की जा रही जान

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ग्वालियर।अजयभारत न्यूज
चंबल अंचल में पड़ रही कड़ाके की ठंड अब कोरोना भी ज्यादा घातक होने लगी है। ठंड की वजह से ब्रेन हेमरेज और हार्ट अटैक के मामले लगातार तेजी से बढ़ने लगे हैं। जिले में देखने में आया है कि पिछले 1 महीने में जितनी मौतें कोरोना से हुई हैं, उससे दोगुनी मौतें ब्रेन हेमरेज और हार्ट अटैक से हो चुकी हैं।
जयारोग्य अस्पताल और शहर के निजी अस्पतालों में पिछले 20 दिन में आंकड़ों की बात करें तो मरने वालों की संख्या करीब 50 पहुंच चुकी है।यही वजह है कि अब डॉक्टर्स भी लोगों को एहतियात बरतने की सलाह दे रहे हैं। खासकर ऐसे लोग जो डायबिटीज और ब्लड प्रेशर जैसी बीमारियों से ग्रसित हैं।
मौजूदा दौर में कोरोना से पूरा विश्व कोरोना संक्रमण से परेशान है, लेकिन ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में कड़ाके की सर्दी सितम ढा रही है।कोरोना संक्रमण की वजह से पिछले बीस दिन में 22 लोगों की जान गई है।जबकि ठंड के चलते करीब 50 लोग ब्रेन हेमरेज और हार्ट अटैक का शिकार हुए हैं। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि क्षेत्र में ठंड का प्रकोप फिलहाल कोरोना ज्यादा है।
तापमान में गिरावट
ग्वालियर चंबल क्षेत्र में पिछले 20 दिनों से शीत लहर चल रही है। न्यूनतम तापमान 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है। हाल ही में हुई बारिश ने तापमान में और गिरावट कर दी है। मौसम का हाल ऐसा है कि आने वाले दिनों में ठंड बढ़ने के आसार हैं।
किसे सबसे ज्यादा खतरा ?
कड़ाके की ठंड का सबसे ज्यादा खतरा उम्रदराज लोगों को है। खासकर 65 साल से अधिक आयुवर्ग पर इसका इसका असर देखने मिल रहा है। इसी वर्ग में ज्यादातर ब्रेन हेमरेज और हार्ट अटैक के केस सामने आ रहे हैं।इसलिए इस वर्ग को लोगों को कुछ सावधानियां बरतने की जरूरत है।
सावधानी रखना बहुत जरूरी
सीनियर सिटीजन्स को सर्दी के मौसम में सावधानी रखना बहुत जरूरी है।देखने में आया है कि सर्दी के कारण ब्रेन हेमरेज और हार्ट अटैक होने का समय सुबह 4:00 से 8:00 तक के बीच का होता है। इस कारण बीमार या बुजुर्ग इस समय बाहर निकलने से बचें।सुबह जल्दी उठकर नहाने की वजह व धूप निकलने के बाद स्नान करें।साथ ही गरम पदार्थों का सेवन करें। ब्लड प्रेशर के जो मरीज हैं, वह बिना दवा खाए घर से बाहर बिल्कुल ना निकले। ऐसे लोग अपने नाक-कान ढक कर जरूर रखें।

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